Homeउत्तराखंडविरोध प्रदर्शन से गरमाई राज्य की राजनीति, बीजेपी कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस भवन...

विरोध प्रदर्शन से गरमाई राज्य की राजनीति, बीजेपी कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस भवन को घेरा, महेंद्र भट्ट ने राहुल गांधी पर साधा निशाना

विरोध प्रदर्शन के माध्यम से भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस पार्टी के खिलाफ एक बड़ा राजनीतिक मोर्चा खोल दिया है। देहरादून स्थित पार्टी के महानगर कार्यालय से बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के नेतृत्व में एक विशाल जुलूस निकाला गया, जिसमें हजारों की संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं, जन प्रतिनिधियों और पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया। यह जुलूस महानगर के मुख्य मार्गों से होता हुआ सीधे प्रदेश कांग्रेस भवन पहुंचा, जहां कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस पार्टी की नीतियों और उसके शीर्ष नेतृत्व के रवैये के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और घेराव किया।

प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। बीजेपी कार्यकर्ताओं का कहना था कि लोकतंत्र में अपनी बात रखने की मर्यादा होती है, लेकिन देश की मुख्य विपक्षी पार्टी लगातार इन मर्यादाओं का उल्लंघन कर रही है।

राहुल गांधी पर बरसे बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट
इस व्यापक विरोध प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कांग्रेस पार्टी और उसके वरिष्ठ नेता राहुल गांधी पर तीखे राजनीतिक हमले बोले। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री आवास का जिस अनियंत्रित और अलोकतांत्रिक तरीके से घेराव करने का प्रयास किया गया, वह पूरी तरह से असंवैधानिक था।

महेंद्र भट्ट का वक्तव्य: “लोकतंत्र में विरोध जताने के तय नियम और गरिमा होती है। राहुल गांधी संसद में एक महत्वपूर्ण पद पर बैठे हैं। वे देश के नेता प्रतिपक्ष हैं, लेकिन इसके बावजूद वे अपने पद की गरिमा और मर्यादा के विपरीत आचरण कर रहे हैं। प्रधानमंत्री आवास का इस तरह से घेराव करने की कोशिश समाज में केवल अराजकता और अशांति फैलाने का काम करती है। ऐसे गैर-जिम्मेदाराना कदम से लोकतांत्रिक परंपराओं को गहरा आघात पहुंचा है। भारतीय जनता पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता कांग्रेस के इस अलोकतांत्रिक कदम की कड़े शब्दों में निंदा करता है।”

उन्होंने कहा कि जब कोई बड़ा नेता संवैधानिक पदों पर बैठकर इस प्रकार की गतिविधियों में शामिल होता है, तो इससे देश के युवाओं और समाज में गलत संदेश जाता है। जनता सब देख रही है और वह समय आने पर इसका उचित जवाब जरूर देगी।

संवैधानिक मर्यादाओं की अनदेखी कर रही कांग्रेस’: सिद्धार्थ उमेश अग्रवाल
प्रदर्शन के दौरान बीजेपी महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ उमेश अग्रवाल ने भी उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं के अनुशासित व्यवहार की सराहना करते हुए कहा कि बीजेपी हमेशा से नियम और कानून के दायरे में रहकर अपनी बात रखने में विश्वास करती है।
महानगर अध्यक्ष ने कहा कि देश के प्रत्येक नागरिक और राजनीतिक दल को अपनी असहमति या विरोध जताने का पूरा अधिकार है, परंतु यह अधिकार हमेशा समाज हित और कानून की सीमाओं के भीतर होना चाहिए।

भ्रम फैलाने का आरोप: कांग्रेस पार्टी लंबे समय से समाज के अलग-अलग वर्गों, विशेषकर युवाओं के बीच भ्रम का माहौल पैदा करके उन्हें भड़काने का काम कर रही है।
संवैधानिक मूल्यों की उपेक्षा: इतिहास गवाह है कि जब-जब कांग्रेस पार्टी को मौका मिला है, उसने संवैधानिक संस्थाओं और लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने का प्रयास किया है।
गरिमा को पहुंचाई ठेस: आज भी कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व अपने पद की गरिमा को भूलकर सार्वजनिक जीवन में अशांति और असंतोष का माहौल बनाने की कोशिश कर रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय जनता पार्टी का कार्यकर्ता सड़क से लेकर संसद तक देश के सम्मान और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए हमेशा मजबूती से खड़ा रहेगा।

वरिष्ठ मंत्रियों, विधायकों और सैकड़ों कार्यकर्ताओं की रही भारी मौजूदगी
कांग्रेस भवन के घेराव के दौरान बीजेपी का संगठनात्मक ढांचा और उसकी शक्ति पूरी तरह से सड़कों पर दिखाई दी। कार्यक्रम में शासन-प्रशासन के बड़े चेहरों के साथ-साथ संगठन के प्रमुख पदाधिकारियों की सक्रिय भागीदारी रही।

इस प्रदर्शन में प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री, स्थानीय विधायक और संगठन के वरिष्ठ प्रतिनिधि एक सुर में कांग्रेस के खिलाफ हुंकार भरते नजर आए।

मुख्य रूप से उपस्थित प्रमुख चेहरे:
संगठन एवं शासन के प्रतिनिधि: प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार, श्रीमती दीप्ति रावत, ज्योति प्रसाद गैरोला और प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री।
क्षेत्रीय विधायक: राजपुर विधायक खजान दास, श्रीमती सविता कपूर, सहदेव सिंह पुंडीर और बृजभूषण गैरोला।
मोर्चों के अध्यक्ष: महिला मोर्चा की अध्यक्ष रुचि भट्ट और युवा मोर्चा के अध्यक्ष विपुल मंदौली।
संगठनात्मक पदाधिकारी: आदित्य चौहान, नलिन भट्ट, नेहा जोशी, श्रीमती विनोद उनियाल, विनोद सुयाल, मनवीर चौहान, महानगर महामंत्री संदीप मुखर्जी, विजेंद्र थपलियाल, राजेंद्र ढिल्लों और संकेत नौटियाल।
वरिष्ठ कार्यकर्ता और पार्षद: ओम कक्कड़, राजेश कंबोज, सुनील शर्मा, मोहित शर्मा, जगदीश सेमवाल, प्रदीप कुमार, अक्षत जैन, विनोद शर्मा, मोतीराम, संदीप बिजलवान, महिपाल समेत विभिन्न मंडलों के अध्यक्ष, नगर निगम के पार्षद और सैकड़ों समर्पित कार्यकर्ता।

शांतिपूर्ण तरीके से दर्ज कराई गई राजनीतिक असहमति
बीजेपी नेताओं ने स्पष्ट किया कि उनका यह कदम केवल एक राजनीतिक प्रतिक्रिया नहीं है, बल्कि देश में लोकतांत्रिक मर्यादाओं को बचाए रखने का एक संदेश है। महानगर कार्यालय से शुरू होकर कांग्रेस दफ्तर तक गया यह जुलूस पूरी तरह से अनुशासित रहा।

कार्यकर्ताओं ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर कांग्रेस पार्टी की नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि विपक्ष का काम सवाल उठाना और स्वस्थ बहस करना है, न कि सड़क पर अराजकता पैदा करके देश की संवैधानिक व्यवस्था को चुनौती देना।

देहरादून की सड़कों पर हुआ यह विरोध प्रदर्शन इस बात का साफ संकेत है कि आने वाले दिनों में राज्य और देश की राजनीति में यह मुद्दा और गरमाने वाला है। बीजेपी ने इस प्रदर्शन के जरिए यह संदेश देने की कोशिश की है कि प्रधानमंत्री पद की गरिमा और देश के संवैधानिक ढांचे से खिलवाड़ को किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। वहीं, दूसरी ओर कांग्रेस भवन पर इस तरह के बड़े प्रदर्शन ने दोनों मुख्य राजनीतिक दलों के बीच के टकराव को और बढ़ा दिया है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments