कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत ने नैनीताल स्थित जिलाधिकारी कार्यालय का वार्षिक निरीक्षण किया और प्रशासनिक व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया। शुक्रवार को हुए इस निरीक्षण के दौरान उन्होंने जिले की विभिन्न अदालतों, प्रशासनिक शाखाओं और जनसेवा से जुड़े अनुभागों के कामकाज की बारीकी से समीक्षा की। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य आम जनता को त्वरित न्याय दिलाना, सरकारी अभिलेखागार में पारदर्शिता लाना और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना था। कुमाऊँ आयुक्त ने ढिलाई बरतने वाले अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि जनहित के कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
विभिन्न अदालतों और पटल शाखाओं की गहन जांच
निरीक्षण के दौरान कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत ने कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित लगभग सभी प्रमुख शाखाओं का दौरा किया। उन्होंने जिला मजिस्ट्रेट कोर्ट, अपर जिला मजिस्ट्रेट कोर्ट, शस्त्र अनुभाग, सूचना का अधिकार अनुभाग, राजस्व अभिलेखागार और भू-अभिलेख शाखा के कामकाज को देखा।
उन्होंने प्रत्येक पटल पर जाकर फाइलों के रखरखाव, रजिस्टरों के रख-रखाव और मुकदमों की स्थिति का बारीकी से परीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि आम नागरिकों से प्राप्त आवेदनों पर क्या कार्रवाई की जा रही है और फाइलें कितने समय में निस्तारित हो रही हैं।
लंबित मामलों पर कड़ी नाराजगी और दो महीने की समय-सीमा
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) की अदालत की समीक्षा करते हुए आयुक्त ने मुकदमों के निस्तारण की धीमी गति पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। खासतौर पर खाद्य सुरक्षा कानून, गुंडा नियंत्रण कानून और स्टाम्प एक्ट से संबंधित पेंडिंग मामलों को देखकर उन्होंने अधिकारियों से सवाल-जवाब किए।
आयुक्त ने सख्त लहजे में निर्देश दिए कि जितने भी पुराने और लंबित मुकदमे हैं, उन सभी का निस्तारण अगले दो महीनों के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि आम जनता को न्याय के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसके लिए मामलों की सुनवाई समय पर होनी चाहिए।
इसके साथ ही उन्होंने आदेश दिया कि:
मुकदमों की प्रगति की समीक्षा हर हफ्ते नियमित रूप से की जाए।
तय समय के भीतर काम में प्रगति न दिखने पर जिम्मेदार अधिकारियों से लिखित में जवाब माँगा जाएगा।
यदि उत्तर संतोषजनक नहीं पाया जाता है, तो उनके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
आम जनता के स्वास्थ्य के लिए खाद्य सुरक्षा पर विशेष जोर
आयुक्त दीपक रावत ने कलेक्ट्रेट निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा व्यवस्था पर भी विशेष चर्चा की। उन्होंने कहा कि नागरिकों को शुद्ध, सुरक्षित और मानक गुणवत्ता वाला भोजन उपलब्ध कराना प्रशासन की सबसे प्राथमिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने खाद्य सुरक्षा विभाग को निर्देश दिए कि बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की जांच के लिए लगातार बड़े स्तर पर अभियान चलाया जाए। मिलावटखोरी करने वाले दुकानदारों और कारोबारियों पर बिना किसी ढील के सख्त कार्रवाई की जाए। आयुक्त ने कहा कि मिलावट करने वालों पर ऐसी कार्रवाई हो जो दूसरों के लिए नजीर बने, ताकि लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ न हो सके।
राजस्व रिकॉर्ड रूम में पारदर्शिता और सीसीटीवी निगरानी के आदेश
राजस्व अभिलेखागार निरीक्षण के दौरान कुमाऊँ आयुक्त ने जमीन और राजस्व संबंधी दस्तावेजों की नकल जारी करने की प्रक्रिया को देखा। उन्होंने निर्देश दिया कि जैसे ही कोई नागरिक नकल के लिए आवेदन जमा करे, उसे उसी दिन रजिस्टर में दर्ज किया जाना चाहिए।
उन्होंने इस बात पर बल दिया कि आवेदकों को तय सीमा के भीतर नकल मिल जानी चाहिए ताकि उन्हें किसी परेशानी का सामना न करना पड़े। निरीक्षण के दौरान कुछ अनियमितताएं सामने आने पर आयुक्त ने संबंधित कर्मचारियों से तुरंत जवाब-तलब करने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ किया कि यदि कर्मचारियों का स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं रहता है, तो उनकी सेवा पंजिका में खराब टिप्पणी दर्ज की जाएगी।
पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए आयुक्त ने दोनों अपर जिलाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी:
दोनों अपर जिलाधिकारी हर महीने राजस्व अभिलेखागार का स्वयं निरीक्षण करेंगे।
रिकॉर्ड रूम में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग की नियमित रूप से जांच की जाएगी ताकि वहां किसी भी तरह का गलत काम या दलाली न हो सके।
शस्त्र अनुभाग और खनन पटल के कार्यों पर संतोष
कलेक्ट्रेट के शस्त्र अनुभाग और खनन शाखा के कामकाज की जांच के दौरान आयुक्त ने वहां की व्यवस्थाओं पर संतोष जताया। फाइलों का सुव्यवस्थित रखरखाव और नियमानुसार कार्य देखकर उन्होंने कर्मचारियों के प्रयासों की सराहना की।
हालाँकि, सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से उन्होंने जिले के सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित गन हाउस का हर महीने नियमित रूप से निरीक्षण करें। इससे यह सुनिश्चित हो सकेगा कि शस्त्रों और कारतूसों का क्रय-विक्रय पूरी तरह नियमानुसार और सुरक्षित तरीके से हो रहा है।
कलेक्ट्रेट परिसर में अधिकारियों का जमावड़ा और स्वागत
निरीक्षण की शुरुआत में कलेक्ट्रेट पहुंचने पर कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत का पारंपरिक और सम्मानजनक स्वागत किया गया। पुलिस दल द्वारा उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया, जिसके बाद जिलाधिकारी ने उन्हें पुस्तक भेंट कर स्वागत किया।
इस पूरे वार्षिक निरीक्षण के दौरान कलेक्ट्रेट के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और विभिन्न विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे। इनमें मुख्य रूप से:
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल
अपर जिलाधिकारी विवेक राय
अपर जिलाधिकारी सौरभ असवाल
उपजिलाधिकारी नवाजिश खलीक
मुख्य प्रशासनिक अधिकारी अनिल शर्मा
प्रशासनिक अधिकारी मुरलीधर
तथा कलेक्ट्रेट की विभिन्न शाखाओं के अन्य सभी जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने आयुक्त द्वारा दिए गए निर्देशों का पूरी निष्ठा से पालन करने का आश्वासन दिया।
इस निरीक्षण के मुख्य निष्कर्ष और प्रशासनिक असर
कुमाऊँ आयुक्त के इस विस्तृत निरीक्षण से जिले के प्रशासनिक तंत्र में एक नया संदेश गया है। आम तौर पर सरकारी कार्यालयों में लंबित फाइलों और अदालती मुकदमों की वजह से जनता को भारी असुविधा होती है, लेकिन 2 महीने की सख्त समय-सीमा तय होने से मामलों के जल्द निपटारे की उम्मीद जगी है।
त्वरित न्याय: 2 माह में मुकदमों का निपटारा होने से आम नागरिकों के समय और धन की बचत होगी।
पारदर्शी व्यवस्था: रिकॉर्ड रूम में सीसीटीवी और नियमित जांच से भ्रष्टाचार और देरी पर रोक लगेगी।
जनस्वास्थ्य की सुरक्षा: खाद्य सुरक्षा अभियानों से बाजार में शुद्धता सुनिश्चित होगी।
जवाबदेही तय: काम में लापरवाही पर अधिकारियों की सेवा पंजिका में नकारात्मक प्रविष्टि का डर काम में तेजी लाएगा।
कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत द्वारा किया गया नैनीताल कलेक्ट्रेट का यह वार्षिक निरीक्षण प्रशासनिक कसावट की दिशा में एक बेहद महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने न सिर्फ अदालती मुकदमों के त्वरित निस्तारण के आदेश दिए, बल्कि खाद्य सुरक्षा, राजस्व अभिलेखों में पारदर्शिता और सुरक्षा व्यवस्था जैसे जनहित के मुद्दों को प्राथमिकता पर रखा। अधिकारियों को दो महीने का समय देकर आयुक्त ने यह साफ कर दिया है कि शासन का मुख्य उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध और पारदर्शी समाधान करना है। आने वाले दिनों में इन निर्देशों के क्रियान्वयन से नैनीताल जिले के प्रशासनिक कामकाज में बड़ा सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा।


